किसी प्रकार का नशा-सेवन न करें; यथासम्भव एक समय में एक काम करें और मन लगाकर करें; आवश्यक नींद और विश्राम पर ध्यान दें; आज हो सकने वाले काम को कल पर न डालें; संसार के कष्ट को अपने सिर पर न लादें; जिम्मेदार लोगों पर ही जिम्मेदारी डालें; काम को व्यवस्थित ढंग से करें; कुछ कष्ट सहने के लिए मन को तैयार रखें; वस्तुओं को सही स्थान पर रखें; बच्चों की गतिविधियों पर ध्यान रखें किन्तु उन्हें झिड़कने की आदत न डालें; गम्भीर र्निणय खूब सोच-विचार और जांच-पड़ताल कर करें; न तो किसी व्यक्ति पर अत्यधिक विश्वास करें न ही किसी व्यक्ति पर अत्यधिक शंका करें; सुख के पीछे न दौड़ें; नकारात्मक सोच वालों से दूर रहें; बिना आवश्यकता के खरीद न करें; घर की फालतू चीजें निकाल दें; पुस्तकें अधिक पढ़ें पत्रिकाऍं कम; भोजन की पर्याप्तता पर ध्यान दें; कटु अतीत को केवल सबक लेने के लिए याद रखें; दूसरों को सुनना सीखें; काम को पूर्ण कर उसका आनन्द उठायें; बड़े काम में भी छोटी-छोटी कमियों अथवा हानियों पर ध्यान दें; क्रोध को त्यागें और क्षमाशील बनें; मानवता को लात मार कर धनार्जन न करें; काम की प्राथमिकताऍं तय करें; कम से कम उधार दें, कम से कम उधार लें; जब समय मिले बच्चों के साथ खेलें; जीवन साथी के साथ आपसी समझ उत्पन्न करें; समय हो तो कुछ समय मौन रह कर प्रार्थना करें; कुछ समय योगासन के लिए दें। Labels: तनाव





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