कुछ महत्वपूर्ण प्रश्न (FAQ on HINDUISM)
‘तम आसीत् तमस गूढ़मग्रे’ अर्थात् पहले अन्धकार अन्धकार में छिपा हुआ था जैसे बादल पर बादल छा जाय.Labels: वेद, सृष्टि
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मनु (मन्, उच्) का अर्थ है विचार से परिपूर्ण और प्रारम्भ में यह सृष्टि के लिए मननशील परमात्मा का अर्थ रखता था. शतरूपा यह प्रकृति है जो प्रति पल सैकड़ों रूप धारण करती है.Labels: परमात्मा, प्रकृति, मनु, शतरूपा, सृष्टि
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Sahitya Sewa Sadan, Rae Bareli Open this Placemark
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